शहर से आठ किमी दूर ग्राम लाहौरी के बल्ड़े से संक्रमण फैलने का डर है। बार-बार शिकायत के बाद भास्कर ने मौके पर जाकर देखा तो नजारा चौंकाने वाला था। सड़क किनारे करीब एक किमी क्षेत्र में मरी हुई मुर्गियां पड़ी थी तो सड़े हुए आलू-प्याज की बदबू पूरे क्षेत्र में फैल रही थी। यहां से गुजरने वाले राहगीरों के अनुसार आसपास के क्षेत्र में कई पोल्ट्री फार्म हैं। मुर्गियों के मरने के बाद संचालकों द्वारा बल्ड़े पर फेंक दी जाती है। लेकिन किसी ने भी इस बात पर ध्यान नहीं दिया कि इससे बर्ड फ्लू जैसी बीमारी फैल सकती है। लाहौरी के साथ गुलाना बोलाई तक के क्षेत्र को जोड़ने वाले इस मार्ग पर करीब 5 किमी का पहाड़ी क्षेत्र है। इसके शुरुआती हिस्से में मवेशियों के शवों के साथ मरी हुई मुर्गियां यहां अक्सर दिखाई देती है। ऐसा ही नजारा पिछले पांच सात दिनों से एक बार फिर दिखा। मृत मवेशियों की दुर्गंध से बीमारी का डर लाहौरी निवासी बंसीलाल ने इसकी जानकारी भास्कर देते हुए बताया कि हर दिन यहां से सैकड़ों लोग शाजापुर आना जाना करते हैं। बदबू की तो परेशानी है ही, अब बारिश शुरू होने से यहां पड़े शव से बीमारियां फैलने का डर भी बढ़ रहा है। इस संबंध में शाजापुर के पुलिस अधिकारियों सहित गांव के चौकीदार को भी अवगत कराया, पर किसी ने भी इस ओर ध्यान नहीं दिया। बल्ड़े पर आलू-प्याज फेंक जाते हैं किसान शाजापुर से बोलाई जा रहे प्रकाश चौहान ने बताया कि वे हर शनिवार और मंगलवार को बोलाई के खेड़ापति सरकार के दर्शन करने जाते हैं। यहां कभी मवेशियों के मृत शवों तो कभी सड़े हुए आलू प्याज की दुर्गंध बनी रहती है। प्रकाश ने बताया कि पिछले दिनों मंडियों में प्याज के भाव नहीं मिलने के बाद कई किसान अपनी उपज यहां फेंक गए थे। ऐसा कई साल से हो रहा है। कई बार सड़े हुए आलू-प्याज खाने से मवेशियों के बीमार होने के मामले भी सामने आए थे। इस तरह की शिकायत नहीं मिली है रास्ते पर मुर्गियों के फेंकने की शिकायत अभी तक सामने नहीं आई। पर यदि ऐसा है तो वर्तमान स्थिति को देखते हुए इसकी जांच कराई जाएगी। जानकारी सही पाई जाने पर पुलिस को भी सूचना देकर कार्रवाई कराएंगे। - एस.एल. सोलंकी, एसडीएम शाजापुर Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today More than 8 poultry farm operators throwing dead chickens on the roadside



शहर से आठ किमी दूर ग्राम लाहौरी के बल्ड़े से संक्रमण फैलने का डर है। बार-बार शिकायत के बाद भास्कर ने मौके पर जाकर देखा तो नजारा चौंकाने वाला था। सड़क किनारे करीब एक किमी क्षेत्र में मरी हुई मुर्गियां पड़ी थी तो सड़े हुए आलू-प्याज की बदबू पूरे क्षेत्र में फैल रही थी। यहां से गुजरने वाले राहगीरों के अनुसार आसपास के क्षेत्र में कई पोल्ट्री फार्म हैं। मुर्गियों के मरने के बाद संचालकों द्वारा बल्ड़े पर फेंक दी जाती है। लेकिन किसी ने भी इस बात पर ध्यान नहीं दिया कि इससे बर्ड फ्लू जैसी बीमारी फैल सकती है।
लाहौरी के साथ गुलाना बोलाई तक के क्षेत्र को जोड़ने वाले इस मार्ग पर करीब 5 किमी का पहाड़ी क्षेत्र है। इसके शुरुआती हिस्से में मवेशियों के शवों के साथ मरी हुई मुर्गियां यहां अक्सर दिखाई देती है। ऐसा ही नजारा पिछले पांच सात दिनों से एक बार फिर दिखा।

मृत मवेशियों की दुर्गंध से बीमारी का डर
लाहौरी निवासी बंसीलाल ने इसकी जानकारी भास्कर देते हुए बताया कि हर दिन यहां से सैकड़ों लोग शाजापुर आना जाना करते हैं। बदबू की तो परेशानी है ही, अब बारिश शुरू होने से यहां पड़े शव से बीमारियां फैलने का डर भी बढ़ रहा है। इस संबंध में शाजापुर के पुलिस अधिकारियों सहित गांव के चौकीदार को भी अवगत कराया, पर किसी ने भी इस ओर ध्यान नहीं दिया।
बल्ड़े पर आलू-प्याज फेंक जाते हैं किसान
शाजापुर से बोलाई जा रहे प्रकाश चौहान ने बताया कि वे हर शनिवार और मंगलवार को बोलाई के खेड़ापति सरकार के दर्शन करने जाते हैं। यहां कभी मवेशियों के मृत शवों तो कभी सड़े हुए आलू प्याज की दुर्गंध बनी रहती है। प्रकाश ने बताया कि पिछले दिनों मंडियों में प्याज के भाव नहीं मिलने के बाद कई किसान अपनी उपज यहां फेंक गए थे। ऐसा कई साल से हो रहा है। कई बार सड़े हुए आलू-प्याज खाने से मवेशियों के बीमार होने के मामले भी सामने आए थे।
इस तरह की शिकायत नहीं मिली है
रास्ते पर मुर्गियों के फेंकने की शिकायत अभी तक सामने नहीं आई। पर यदि ऐसा है तो वर्तमान स्थिति को देखते हुए इसकी जांच कराई जाएगी। जानकारी सही पाई जाने पर पुलिस को भी सूचना देकर कार्रवाई कराएंगे। - एस.एल. सोलंकी, एसडीएम शाजापुर



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
More than 8 poultry farm operators throwing dead chickens on the roadside


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3g9bE71
via IFTTT

No comments:

Post a Comment