कृषि उपज मंडी समिति में बुधवार को हुई बैठक में व्यापारियों ने अपनी समस्या एसडीएम एवं मंडी सचिव के समक्ष रखी। वर्तमान में कोरोना वायरस के कारण लाॅकडाउन की स्थिति में मंडी में कामकाज पूर्ण रुप से बंद है। ऐसे में जिन किसानों से व्यापारियों द्वारा उपज खरीदी जा चुकी है या जो किसान उपज बेचना चाहते हंै उनके सौदा पत्रक बनाने के संबंध में बैठक में बात रखी गई। इस पर एसडीएम ने कलेक्टर के मार्गदर्शन से सौदा पत्रक जारी करने के मंडी को निर्देश दे दिए हैं। लाॅकडाउन की अवधि 19 दिन बढ़ जाने से अब किसानों एवं व्यापारियों के सामने उपज को बेचने की समस्या आ गई है। ऐसी स्थिति में व्यापारियों ने मंडी में सचिव रेशम मंडलोई एवं प्रशासक एसडीएम विजय राय से मांग की कि वे मंडी को सौदा पत्रक बनाने की अनुमति दें ताकि किसानों के घर पड़ी कृषि उपज व्यापारी उठा सकें। वर्तमान में रबी की फसल के अंतर्गत मुख्य रुप से किसानों द्वारा गेहूं का भंडारण घरों में किया गया है। बैठक में व्यापारी प्रीतेष कोठारी, विकास मारु, संदीप बाफना, दिलीप मेहता, विनोद राठौड़, प्रकाष राठौड़, संजय मेहता सहित अन्य व्यापारी उपस्थित थे। कपास के विक्रय की भी समस्या : क्षेत्र में कपास की डीसीएच 32 किस्म बहुतायत से लगाई जाती है जो अब तक ग्रामीण अंचलों से करीब 70 से 75% कपास किसानों से व्यापारियों के माध्यम से जिनिंग फैक्ट्रियों को जा चुका है। अभी भी 25 से 30% कपास छोटे आदिवासी किसानों के पास रखा हुआ है। लाॅकडाउन में वे भी कपास नही बेच पा रहे हैं। आदिवासी किसान प्रभु पिता बापू ग्राम आंबा, भरसिंह पिता बापू, सोमला पिता थावरिया ग्राम दुधी, प्रकाश तुलसीराम शर्मा दत्तीगांव, रमेश नाथूजी दत्तीगांव आदि ने बताया उनके पास कपास होकर बेचने के लिए अनुमति दी जाए। कपास का विक्रय व्यापारियांे के माध्यम से होकर बदनावर सहित रतलाम, बामनिया एवं थांदला स्थित जिनिंग में जाता है अतः जिनिंग भी चालू हो तो किसानों को राहत मिल सके। अन्य कपास की तुलना में डीसीएच के भाव अधिक होते हैं। मंडी को साैदा पत्रक जारीकरने के निर्देश दिए गए हैं व्यापारियों की मांग अनुसार मंडी को सौदा पत्रक जारी करने के लिए कहा है। सभी व्यापारी एवं अन्य तुलावटी-हम्माल आदि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें एवं उचित दूरी बनाए रखें। सभी समय-समय पर सैनिटाइजर का उपयोग करें। जिनिंग फैक्टरी चालू कराने के लिए व्यापारियों ने मांग की है। इस संबंध में कलेक्टर से बात करेंगे। विजय राय, एसडीएम एवं मंडी प्रशासक राजगढ़ Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today 70% have gone to cotton factory, 30% of the leftovers are left


कृषि उपज मंडी समिति में बुधवार को हुई बैठक में व्यापारियों ने अपनी समस्या एसडीएम एवं मंडी सचिव के समक्ष रखी। वर्तमान में कोरोना वायरस के कारण लाॅकडाउन की स्थिति में मंडी में कामकाज पूर्ण रुप से बंद है। ऐसे में जिन किसानों से व्यापारियों द्वारा उपज खरीदी जा चुकी है या जो किसान उपज बेचना चाहते हंै उनके सौदा पत्रक बनाने के संबंध में बैठक में बात रखी गई। इस पर एसडीएम ने कलेक्टर के मार्गदर्शन से सौदा पत्रक जारी करने के मंडी को निर्देश दे दिए हैं।
लाॅकडाउन की अवधि 19 दिन बढ़ जाने से अब किसानों एवं व्यापारियों के सामने उपज को बेचने की समस्या आ गई है। ऐसी स्थिति में व्यापारियों ने मंडी में सचिव रेशम मंडलोई एवं प्रशासक एसडीएम विजय राय से मांग की कि वे मंडी को सौदा पत्रक बनाने की अनुमति दें ताकि किसानों के घर पड़ी कृषि उपज व्यापारी उठा सकें। वर्तमान में रबी की फसल के अंतर्गत मुख्य रुप से किसानों द्वारा गेहूं का भंडारण घरों में किया गया है। बैठक में व्यापारी प्रीतेष कोठारी, विकास मारु, संदीप बाफना, दिलीप मेहता, विनोद राठौड़, प्रकाष राठौड़, संजय मेहता सहित अन्य व्यापारी उपस्थित थे।
कपास के विक्रय की भी समस्या : क्षेत्र में कपास की डीसीएच 32 किस्म बहुतायत से लगाई जाती है जो अब तक ग्रामीण अंचलों से करीब 70 से 75% कपास किसानों से व्यापारियों के माध्यम से जिनिंग फैक्ट्रियों को जा चुका है। अभी भी 25 से 30% कपास छोटे आदिवासी किसानों के पास रखा हुआ है। लाॅकडाउन में वे भी कपास नही बेच पा रहे हैं। आदिवासी किसान प्रभु पिता बापू ग्राम आंबा, भरसिंह पिता बापू, सोमला पिता थावरिया ग्राम दुधी, प्रकाश तुलसीराम शर्मा दत्तीगांव, रमेश नाथूजी दत्तीगांव आदि ने बताया उनके पास कपास होकर बेचने के लिए अनुमति दी जाए। कपास का विक्रय व्यापारियांे के माध्यम से होकर बदनावर सहित रतलाम, बामनिया एवं थांदला स्थित जिनिंग में जाता है अतः जिनिंग भी चालू हो तो किसानों को राहत मिल सके। अन्य कपास की तुलना में डीसीएच के भाव अधिक होते हैं।
मंडी को साैदा पत्रक जारीकरने के निर्देश दिए गए हैं
व्यापारियों की मांग अनुसार मंडी को सौदा पत्रक जारी करने के लिए कहा है। सभी व्यापारी एवं अन्य तुलावटी-हम्माल आदि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें एवं उचित दूरी बनाए रखें। सभी समय-समय पर सैनिटाइजर का उपयोग करें। जिनिंग फैक्टरी चालू कराने के लिए व्यापारियों ने मांग की है। इस संबंध में कलेक्टर से बात करेंगे।
विजय राय, एसडीएम एवं मंडी प्रशासक राजगढ़



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